

सक्ती – डभरा ब्लॉक अंतर्गत धुरकोट गांव में आयोजित सुशासन तिहार शिविर उस समय विवादों में घिर गया, जब भाजपा और कांग्रेस कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए. जनता की समस्याओं की सुनवाई के लिए लगाए गए मंच पर दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई, जिससे कुछ देर के लिए माहौल तनावपूर्ण हो गया. मौके पर मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने बीच-बचाव कर स्थिति को संभाला. अधिकारियों ने दोनों पक्षों से शांति बनाए रखने और कार्यक्रम को प्रभावित नहीं करने की अपील की.
भाजपा युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष आलोक पटेल ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेसियों को जनता की समस्याओं से कोई सरोकार नहीं है. उन्होंने कहा कि सुशासन तिहार में जनता की समस्याएं सुनी जा रही थीं, लेकिन कांग्रेस कार्यकर्ता जानबूझकर विवाद की स्थिति बना रहे थे.
वहीं कांग्रेसी नेता खुशवंत चंद्रा ने भाजपा नेताओं पर कार्यक्रम का राजनीतिक उपयोग करने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं पर चर्चा करने के बजाय भाजपा नेता सरकार का महिमामंडन करने में लगे हुए थे, जबकि प्रदेश में लोग विभिन्न समस्याओं से जूझ रहे हैं.
हालांकि प्रशासन की समझाइश के बाद मामला शांत हो गया, लेकिन सुशासन तिहार जैसे कार्यक्रम में राजनीतिक टकराव ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं.
